रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के स्वामी विवेकानंद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर इंडिगो फ्लाइट 6E 6312 के मुख्य दरवाजे में तकनीकी खराबी के कारण यात्रियों को करीब 30 मिनट तक विमान में फंसे रहना पड़ा। यह फ्लाइट दिल्ली से रायपुर दोपहर 2:25 बजे सुरक्षित उतरी थी, लेकिन गेट के लॉक न खुलने से यात्रियों को बाहर निकलने में देरी हुई। फ्लाइट में छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता भूपेश बघेल, विधायक चतुरी नंद और रायपुर की महापौर मीनल चौबे सहित कई यात्री सवार थे।
घटना के दौरान विमान का कूलिंग सिस्टम और पानी की आपूर्ति चालू थी, जिससे यात्रियों को शारीरिक असुविधा नहीं हुई, लेकिन कुछ यात्रियों में घबराहट देखी गई। भूपेश बघेल ने बताया, “गेट में तकनीकी खराबी थी। आधे घंटे की कोशिश के बाद दरवाजा खोला गया और सभी यात्री सुरक्षित उतरे।” महापौर मीनल चौबे ने कहा कि चालक दल को पायलट से गेट खोलने का सिग्नल नहीं मिला, क्योंकि डिस्प्ले स्क्रीन पर सिस्टम फॉल्ट दिखाई दे रहा था।
तकनीकी टीम ने लगभग 30 मिनट बाद गेट को अनलॉक किया
हवाई अड्डे के इंजीनियरों और तकनीकी टीम ने लगभग 30 मिनट बाद गेट को अनलॉक किया, जिसके बाद सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस घटना ने हाल के विमान हादसों और बम धमकी की घटनाओं के मद्देनजर यात्रियों में चिंता पैदा की। इंडिगो ने इस तकनीकी खराबी की जांच शुरू कर दी है।
महादेव सट्टेबाजी ऐप मामले में छापेमारी का सामना कर रहे बघेल
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब भूपेश बघेल हाल ही में महादेव सट्टेबाजी ऐप और कथित शराब घोटाले से जुड़े सीबीआई और ईडी के छापों के कारण चर्चा में थे। उन्होंने इन छापों को राजनीतिक साजिश करार दिया था। इस घटना ने रायपुर हवाई अड्डे पर सुरक्षा और तकनीकी प्रक्रियाओं पर सवाल उठाए हैं।
