नई दिल्ली। जनवरी 2025 से कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के ग्राहक अपनी भविष्य निधि (पीएफ) बचत को सीधे एटीएम से निकाल सकते हैं। श्रम सचिव सुमिता डावरा ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि श्रम और रोजगार मंत्रालय पीएफ निकासी को सुव्यवस्थित करने और सर्विस डिस्ट्रीब्यूशन में सुधार करने के लिए अपने आईटी सिस्टम को अपग्रेड कर रहा है।
डावरा के मुताबिक, अगले साल आईटी 2.1 अपग्रेड लाइव होने के बाद ईपीएफओ का आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर बैंकिंग सिस्टम के बराबर हो जाएगा। इससे दावेदारों, लाभार्थियों और बीमित व्यक्तियों को न्यूनतम मानवीय हस्तक्षेप के साथ अपने पीएफ फंड तक पहुंचने में मदद मिलेगी। डावरा ने कहा, “हम दावा निपटान को आसान बनाने के लिए अपनी आईटी प्रणाली को बेहतर कर रहे हैं। एटीएम के माध्यम से पीएफ निकासी जल्द ही एक वास्तविकता होगी।”
यह कैसे काम करेगा?
डावरा के मुकाबिक ये पीएफ विड्रॉल कार्ड, बैंकों द्वारा जारी किए जाने वाले डेबिट कार्ड के समान होगा। पीएफ विड्रॉल कार्ड की मदद से ईपीएफओ मेंबर्स एटीएम में जाकर अपने पीएफ खाते में जमा पैसों का निकाल सकेंगे। पीएफ खाते से पैसा निकालने की एक सीमा होगी। ईपीएफओ मेंबर्स एक बार में अपने खाते में जमा अधिकतम 50 प्रतिशत राशि ही निकाल सकेंगे। उन्होंने कहा कि अभी भी पीएफ सेटलमेंट की प्रक्रिया पहले के मुकाबले अब काफी आसान हो चुकी है और गैर-जरूरी प्रोसेस को खत्म कर दिया गया है।
उन्होंने कहा कि विड्रॉल के नियम पहले जैसे ही रहेंगे। अगर कोई व्यक्ति एक महीने से बेरोजगार है तो वह अपने पीएफ खाते में जमा 75 फीसदी अमाउंट निकाल सकता है और दो महीने के बाद वह अपने खाते में जमा सारे पैसे निकाल सकता है। श्रम और रोजगार मंत्रालय के इस कदम से नौकरीपेशा लोगों के लिए अपने पीएफ खाते से पैसे निकालने न सिर्फ बहुत आसान हो जाएगा बल्कि इसमें काफी कम समय लगेगा।
