नई दिल्ली। पंजाब की राजनीति में शनिवार को उस समय बड़ा विस्फोट हो गया, जब आम आदमी पार्टी (AAP) के दिग्गज नेता और राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने 6 अन्य सांसदों के साथ पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने का ऐलान कर दिया। इस इस्तीफे ने न केवल पंजाब बल्कि देश की राजनीति में हलचल मचा दी है।
भाजपा में शामिल होने की घोषणा करते हुए राघव चड्ढा ने अपनी ही पुरानी पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, “आम आदमी पार्टी अपने मूल सिद्धांतों से पूरी तरह भटक गई है। जो पार्टी देश बदलने आई थी, वह अब केवल व्यक्तिगत लाभ और निजी स्वार्थ के लिए काम कर रही है।” गौरतलब है कि 2023 में शराब घोटाले से जुड़ी ED की चार्जशीट में नाम आने पर चड्ढा ने इसे ‘राजनीतिक साजिश’ बताया था, लेकिन अब उनके सुर पूरी तरह बदल चुके हैं।
राजा वड़िंग का सनसनीखेज दावा
इस महा-बगावत के बीच पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने आग में घी डालने का काम किया है। वड़िंग ने दावा किया कि सांसदों का पलायन तो सिर्फ एक शुरुआत है। उन्होंने चेतावनी दी कि “AAP के 50 विधायक भी भाजपा के संपर्क में हैं और वे किसी भी दिन एक साथ पाला बदल सकते हैं।” वड़िंग ने कहा कि जिस पार्टी में विचारधारा की कमी हो और पैसे का वर्चस्व बढ़ जाए, वहां ऐसी टूट होना तय है।
सोशल मीडिया पर घिरे चड्ढा
राघव चड्ढा के इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर उनके पुराने वीडियो जमकर वायरल हो रहे हैं। लोग उनके उन बयानों को साझा कर मजे ले रहे हैं जिनमें उन्होंने बीजेपी को ‘अनपढ़ गुंडों की पार्टी’ और ‘बिना डिटर्जेंट वाली वॉशिंग मशीन’ कहा था। राज्यसभा में उनके द्वारा संबित पात्रा को लेकर की गई टिप्पणियां भी अब उनके गले की फांस बन रही हैं।
संकट में मान सरकार?
सियासी गलियारों में चर्चा तेज है कि यदि राजा वड़िंग का 50 विधायकों वाला दावा सच साबित होता है, तो मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार पर अस्तित्व का संकट खड़ा हो सकता है। फिलहाल, इस ‘महा-बगावत’ ने पंजाब के सियासी समीकरणों को पूरी तरह उलझा दिया है।
